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Bill to set up Tamil Nadu Investment Promotion Commission, fast-track clearances introduced in Assembly — diagram
Tamil Nadu Investment Promotion CommissionChief SecretaryChairpersonState govtTamil Nadu Business Facili2018AmendedInvestment Promotion CommiNew bodyFast-track clearancesAssemblyBill introducedSeptember 2, 2026
Tamil Nadu Investment Promotion Commission

✎ तमिलनाडु में निवेश सुगमता बढ़ाने हेतु विधेयक द्वारा आयोग स्थापना एवं मंजूरी प्रक्रिया में सुधार किया जाएगा।

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तमिलनाडु विधानसभा में पेश किए गए विधेयक के अनुसार राज्य सरकार ने तमिलनाडु निवेश संवर्धन आयोग (तमिलनाडु इन्वेस्टमेंट प्रमोशन कमीशन) की स्थापना का प्रस्ताव रखा है। यह आयोग मुख्य सचिव की अध्यक्षता में गठित होगा, जिसमें उद्योग सचिव सदस्य-संयोजक होंगे तथा अधिकतम 20 सदस्य शामिल किए जा सकेंगे। आयोग का मुख्य कार्य उच्च-मूल्य एवं रणनीतिक निवेशों को सुगम बनाना, अनुमोदन में तेज़ी लाना तथा परियोजनाओं की निगरानी करना होगा। इसके अतिरिक्त, राज्य के 22 अधिनियमों एवं अधीनस्थ विधानों के अंतर्गत अनुमति प्राप्त करने की समय सीमा घटाकर 21 दिन कर दी गई है, जिससे कारोबारी सुगमता में वृद्धि हो सके।

यह विधेयक राज्य में निवेश आकर्षित करने तथा औद्योगिक विकास को गति देने के उद्देश्य से लाया गया है, जिसमें ₹200 करोड़ से अधिक के निवेश, 5,000 से ज्यादा रोजगार सृजन वाले तथा विदेशी व्यापार समझौतों से जुड़े निवेशों को प्राथमिकता दी जाएगी। आयोग परियोजनाओं की प्रगति की निगरानी करेगा, भूमि आवंटन की समीक्षा करेगा तथा संबंधित विभागों को निर्देश जारी करेगा। इसका उद्देश्य राज्य में व्यापार सुगमता को बढ़ावा देकर आर्थिक विकास को मजबूत करना है।

**परीक्षा दृष्टिकोण:**

बैंक पीओ, आईबीपीएस, एसबीआई, आरबीआई ग्रेड बी एवं एसएससी परीक्षाओं के लिए यह विषय ‘राजव्यवस्था’ तथा ‘आर्थिक विकास’ के अंतर्गत महत्वपूर्ण है। राज्य सरकार द्वारा निवेश संवर्धन हेतु गठित आयोग एवं तेज़ अनुमोदन प्रक्रिया राज्य के विकास एवं रोजगार सृजन में सहायक होगी, जो परोक्ष रूप से बैंकिंग क्षेत्र के ऋण प्रवाह तथा आर्थिक स्थिरता को प्रभावित करती है। आरबीआई ग्रेड बी में राज्य के विकासात्मक पहलुओं तथा वित्तीय नीतियों के संदर्भ में प्रश्न पूछे जा सकते हैं, जबकि एसएससी में राज्य के प्रशासनिक ढांचे एवं विधायी प्रक्रियाओं से संबंधित तथ्यात्मक प्रश्नों के रूप में पूछा जा सकता है।

स्रोत: The Hindu


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