✎ पीजी आवासों के नियमन हेतु सरकार द्वारा लाइसेंस, पंजीकरण एवं सार्वजनिक पोर्टल पर सूचीकरण अनिवार्य किया जाएगा।
प्रासंगिकता — Banking, SSC & RBI Grade B exams: Polity & Governance
सरकार PG (पेइंग गेस्ट) आवासों को विनियमित करने के लिए लाइसेंस, पंजीकरण और सार्वजनिक पोर्टल पर सूचीबद्ध करने जैसे कदम उठाने की योजना बना रही है। दिल्ली सरकार द्वारा तैयार किए जा रहे इस विधेयक में प्रत्येक PG को 90 दिनों के भीतर नगर निगम, पुलिस और अग्नि सुरक्षा सहित संरचनात्मक सुरक्षा संबंधी NOC प्राप्त करना अनिवार्य होगा। इसके अलावा, प्रत्येक PG को एक अद्वितीय पंजीकरण संख्या मिलेगी और उसे एक सार्वजनिक पोर्टल पर सूचीबद्ध किया जाएगा। इस पोर्टल का उद्देश्य छात्रों को सुविधा प्रदान करना है, जहां वे किराया, रहने की स्थिति और शिकायतों से संबंधित जानकारी प्राप्त कर सकेंगे। विधेयक में CCTV कैमरों, सुरक्षा गार्डों और वार्डन की नियुक्ति जैसे सुरक्षा मानकों को भी अनिवार्य किया गया है।
इस विधेयक का उद्देश्य दिल्ली में बढ़ती छात्र आबादी के कारण उत्पन्न होने वाली आवास संबंधी चुनौतियों का समाधान करना है। वर्तमान में, शहर में लगभग 2 लाख PG कमरे मौजूद हैं, जिनमें से अधिकांश का कोई आधिकारिक रिकॉर्ड नहीं है। विधेयक में कॉलेजों और विश्वविद्यालयों को “संस्थागत आवास समिति” गठित करने का प्रस्ताव भी किया गया है, जिसमें शिक्षक, छात्र प्रतिनिधि और पुलिस अधिकारी शामिल होंगे। यह विधेयक बैंकिंग, SSC और RBI ग्रेड बी परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण है, क्योंकि इसमें शासन व्यवस्था, सुरक्षा मानकों और सार्वजनिक सेवा वितरण से संबंधित मुद्दों पर ध्यान केंद्रित किया गया है, जो इन परीक्षाओं के पाठ्यक्रम में शामिल हैं।
स्रोत: The Indian Express
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