✎ इसरो सुधारों में निजी क्षेत्र की भागीदारी से इसकी भूमिका कम नहीं होगी, बल्कि अंतरिक्ष कार्यक्रम का विस्तार होगा।
प्रासंगिकता — Banking, SSC & RBI Grade B exams: Economy/Governance
**हिंदी नोट (प्राकृतिक परीक्षा शैली):**
भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) ने हाल ही में मीडिया में उठ रही उन खबरों का खंडन किया है, जिनमें कहा गया था कि अंतरिक्ष क्षेत्र में सुधारों के कारण इसरो का निजीकरण किया जा रहा है या उसकी भूमिका कम हो रही है। इसरो ने स्पष्ट किया है कि ऐसी धारणाएं बिल्कुल निराधार हैं और उसने अपने आधिकारिक एक्स पोस्ट में कहा कि इसरो न तो निजीकरण के दौर से गुजरेगा और न ही उसकी भूमिका में कोई कमी आएगी। इसरो भारत के अंतरिक्ष कार्यक्रम का प्रमुख संस्थान बना रहेगा और उन्नत अनुसंधान, मानव अंतरिक्ष उड़ान, अगली पीढ़ी के प्रक्षेपण तकनीकों, भारतीय अंतरिक्ष स्टेशन तथा चंद्र और ग्रह अन्वेषण जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में अग्रणी भूमिका निभाता रहेगा। इसरो ने बताया कि अंतरिक्ष क्षेत्र में निजी क्षेत्र की भागीदारी इसरो की भूमिका को कम करने के लिए नहीं, बल्कि उसके द्वारा किए जाने वाले अनुसंधान और तकनीकी विकास पर अधिक ध्यान केंद्रित करने के लिए है। निजी क्षेत्र उद्योग और स्टार्टअप्स को अंतरिक्ष मूल्य श्रृंखला में शामिल किया जा रहा है, जिससे इसरो की क्षमताओं का विस्तार होगा।
इसरो के अनुसार, अंतरिक्ष क्षेत्र में सुधारों का उद्देश्य भारत के अंतरिक्ष पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत बनाना है, न कि इसरो की भूमिका को कम करना। इसके तहत उद्योग, स्टार्टअप्स और शिक्षा जगत को अंतरिक्ष मूल्य श्रृंखला में शामिल किया जा रहा है, जिससे इसरो अपनी वैज्ञानिक विशेषज्ञता को उन्नत अनुसंधान, अगली पीढ़ी की तकनीकों और जटिल राष्ट्रीय मिशनों पर केंद्रित कर सके। इसरो ने बताया कि उसने अब तक कई तकनीकों को उद्योग को हस्तांतरित किया है, जिससे बड़े पैमाने पर उत्पादन, व्यावसायीकरण और नवाचार को बढ़ावा मिलेगा। इससे इसरो अपने संसाधनों को अगली पीढ़ी की तकनीकों और मिशनों पर केंद्रित कर सकेगा। भारत का लक्ष्य वर्ष 2035 तक भारतीय अंतरिक्ष स्टेशन स्थापित करना, वर्ष 2040 तक चंद्रमा पर मानव मिशन भेजना और वैश्विक अंतरिक्ष शक्ति के रूप में उभरना है। ऐसे
स्रोत: orissapost.com
शैक्षिक उद्देश्य हेतु AanyaAi द्वारा जनित।


1 comment on “इसरो ने कहा- निजीकरण और भूमिका कम करने के दावे पूरी तरह निराधार हैं”