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भारी उद्योग मंत्रालय विशेष अभियान 6.0 और स्वच्छता ही सेवा 2026 के तहत स्वच्छता पर देश भर में मुहिम चला रहा है — concept mind map
स्वच्छता अभियान प्रक्रियाअभियानस्वच्छता मुहिमकार्यान्वयन456 अभियाननिपटान60.34 करोड़ रुपयेपुनः उपयोग6.14 लाख वर्ग फुट
स्वच्छता अभियान प्रक्रिया

✎ स्वच्छता अभियान 2026 के माध्यम से कार्यस्थल, सार्वजनिक स्थानों को स्वच्छ एवं हरित बनाने का प्रयास।

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भारी उद्योग मंत्रालय द्वारा चलाए जा रहे विशेष अभियान 6.0 और स्वच्छता ही सेवा 2026 के तहत स्वच्छता को लेकर देशव्यापी मुहिम सरकार के स्वच्छ भारत अभियान के अनुरूप है, जिसका उद्देश्य कार्यस्थलों और सार्वजनिक स्थानों पर साफ-सफाई तथा हरित पहल को बढ़ावा देना है। दिसंबर 2025 से अगस्त 2026 के बीच मंत्रालय ने 456 अभियानों के माध्यम से 6,115 फाइलें हटाईं, 6.14 लाख वर्ग फुट स्थान खाली किया और कबाड़ निपटान से 60.34 करोड़ रुपये का राजस्व अर्जित किया। विशेष अभियान 5.0 में राजस्व सृजन में छठा और स्थान खाली करने में दूसरा स्थान प्राप्त कर मंत्रालय ने अपनी प्रभावी भूमिका सिद्ध की है। आगामी विशेष अभियान 6.0 (2 अक्टूबर से 31 अक्टूबर 2026) में भी इसी तरह के प्रयासों से कार्यस्थल की दक्षता और स्वच्छता में सुधार की उम्मीद है, जो सरकारी नीतियों और प्रशासनिक सुधारों के प्रति इसकी प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

स्वच्छता ही सेवा 2026 अभियान (17 सितंबर से 2 अक्टूबर 2026) के तहत “स्वच्छता में सहभाग, स्वच्छ भारत, विकसित भारत” थीम के साथ मंत्रालय जनभागीदारी, युवाओं में स्वच्छता जागरूकता और सफाईमित्रों के सम्मान जैसे केंद्रित क्षेत्रों पर ध्यान केंद्रित कर रहा है। इससे न केवल सार्वजनिक स्थानों की साफ-सफाई सुनिश्चित होगी, बल्कि टिकाऊ जीवनशैली को भी बढ़ावा मिलेगा। ये प्रयास बैंकिंग, एसएससी और आरबीआई ग्रेड बी जैसी परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण हैं, क्योंकि इनमें सरकारी योजनाओं, स्वच्छ भारत मिशन, राजस्व सृजन और प्रशासनिक सुधारों जैसे विषयों पर प्रश्न पूछे जाते हैं। इस प्रकार, यह मुहिम न केवल स्वच्छता बल्कि आर्थिक और प्रशासनिक सुधारों के दृष्टिकोण से भी प्रासंगिक है।

स्रोत: PIB (Press Information Bureau)


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