✎ मिशन सामर्थ्य ग्रामीण शिक्षा में स्मार्ट लर्निंग लाकर शिक्षा के अंतर को कम करता है।
प्रासंगिकता — Banking, SSC & RBI Grade B exams: Polity & Governance
‘मिशन समर्थ्य’ राजस्थान के बारां जिले के ग्रामीण विद्यालयों में स्मार्ट लर्निंग को साकार कर रहा है। बारां जिला प्रशासन और एनटीपीसी द्वारा संयुक्त रूप से शुरू किए गए इस अभियान का उद्देश्य ग्रामीण विद्यार्थियों को शहरी स्तर की शिक्षा सुविधाएं उपलब्ध कराना है, ताकि उन्हें कोचिंग हबों की ओर पलायन न करना पड़े। बारां के आठों ब्लॉकों में स्थित 12 वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालयों को ‘समर्थ्य केंद्र’ के रूप में विकसित किया गया है, जिनमें से 11 केंद्र पहले ही अगस्त 15 से नियमित रूप से संवादात्मक शैक्षणिक सत्र आयोजित कर रहे हैं। इस पहल के तहत स्थापित केंद्रीय नियंत्रण कक्ष से शिक्षकों द्वारा विभिन्न विद्यालयों में लाइव व्याख्यान दिए जाते हैं, जिसमें उच्च गति इंटरनेट, वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग और अनवरत विद्युत आपूर्ति जैसी सुविधाएं शामिल हैं।
इस पहल की प्रासंगिकता बैंकिंग, एसएससी और आरबीआई ग्रेड बी परीक्षाओं के दृष्टिकोण से अत्यंत महत्वपूर्ण है। ‘मिशन समर्थ्य’ ग्रामीण शिक्षा में डिजिटल विभाजन को पाटने और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा तक समान पहुंच सुनिश्चित करने का प्रयास कर रहा है, जो सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और सामाजिक न्याय के सिद्धांतों पर आधारित है। इसके अतिरिक्त, यह पहल एनटीपीसी जैसे सार्वजनिक उपक्रमों द्वारा किए जा रहे सीएसआर प्रयासों को भी रेखांकित करती है, जो प्रतियोगी परीक्षाओं में ‘सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों की भूमिका’ जैसे विषयों के अंतर्गत पूछा जा सकता है। शिक्षा के क्षेत्र में तकनीकी नवाचार और सरकारी नीतियों के एकीकरण से संबंधित प्रश्न भी इन परीक्षाओं में पूछे जा सकते हैं, जिससे अभ्यर्थियों को इस पहल की गहरी समझ विकसित करने में सहायता मिलेगी।
स्रोत: Hindustan Times
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