प्रासंगिकता — Banking, SSC & RBI Grade B exams: Art & Culture
भारत की सांस्कृतिक विरासत सदियों से क्षेत्रीय विविधता और स्थानीय पहचानों के संगम से निर्मित हुई है, किंतु आजादी के बाद राष्ट्रीय एकता और साझा विरासत को बल मिला है। सरकार द्वारा चलाए जा रहे ‘एक भारत श्रेष्ठ भारत’ जैसे अभियानों के माध्यम से विभिन्न राज्यों की लोक कलाओं, भाषाओं और परंपराओं को राष्ट्रीय स्तर पर सम्मान मिल रहा है। इससे न केवल क्षेत्रीय गौरव की भावना मजबूत होती है, बल्कि देश की सांस्कृतिक एकता भी सुदृढ़ होती है। यह दृष्टिकोण परीक्षाओं में भी पूछा जा सकता है, क्योंकि बैंकिंग, एसएससी और आरबीआई ग्रेड बी जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं में ‘सांस्कृतिक विविधता’ और ‘राष्ट्रीय एकता’ जैसे विषयों पर प्रश्न पूछे जाते हैं।
वर्तमान में, सरकार द्वारा शुरू की गई ‘विरासत संरक्षण’ योजनाएं, जैसे ‘स्वदेश दर्शन’ और ‘देक्कन ओडिसी’, देश के विभिन्न हिस्सों की सांस्कृतिक धरोहर को संरक्षित करने के साथ-साथ पर्यटन को भी बढ़ावा दे रही हैं। इससे न केवल स्थानीय अर्थव्यवस्थाओं को बल मिलता है, बल्कि युवाओं को अपनी जड़ों से जुड़ने का अवसर भी मिलता है। यह न केवल कला और संस्कृति के क्षेत्र में महत्वपूर्ण है, बल्कि बैंकिंग और वित्तीय क्षेत्र में भी इसकी प्रासंगिकता है, क्योंकि पर्यटन और सांस्कृतिक धरोहर संरक्षण से जुड़े उद्यमों को वित्तीय सहायता देने में सरकारी योजनाएं महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
स्रोत: PIB (Press Information Bureau)
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