प्रासंगिकता — Banking, SSC & RBI Grade B exams: Economy
‘मायांगिल्ला केरलम’ अभियान राज्य में नशीली दवाओं के खिलाफ कार्रवाई को तेज करने वाला एक प्रमुख प्रयास है, जिसकी शुरुआत केरल सरकार द्वारा की गई है। राज्य के मादक पदार्थ विभाग द्वारा चलाए जा रहे इस अभियान के चार स्तंभ हैं—प्रवर्तन, जागरूकता, उपचार तथा पुनर्वास। ‘ऑपरेशन थंडर’ के तहत अब तक 10,000 से अधिक मामले दर्ज किए जा चुके हैं, जिनमें 4,000 से अधिक मामले नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सबस्टेंस (एनडीपीएस) अधिनियम के अंतर्गत हैं, जबकि 5,000 से अधिक मामले शैक्षणिक संस्थानों के निकट तंबाकू उत्पादों की बिक्री से संबंधित हैं। इस अभियान से बैंकिंग, एसएससी तथा आरबीआई ग्रेड बी जैसी परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण आर्थिक एवं सामाजिक मुद्दों पर प्रश्न पूछे जा सकते हैं, क्योंकि इससे सरकारी नीतियों, राजस्व संग्रह तथा समाज कल्याण के पहलुओं पर प्रकाश पड़ता है।
इस अभियान के माध्यम से सरकार न केवल नशीली दवाओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रही है, बल्कि जागरूकता फैलाने तथा पुनर्वास केंद्रों की स्थापना पर भी ध्यान केंद्रित कर रही है। राज्य में 14 जिला स्तरीय नशामुक्ति केंद्रों को मनोचिकित्सकों की नियुक्ति के साथ और सुदृढ़ किया जा रहा है, जबकि 78 तालुकों तक इन सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। इसके अतिरिक्त, सामाजिक संगठनों के सहयोग से पुनर्वास केंद्र स्थापित किए जा रहे हैं। यह अभियान आर्थिक विकास तथा सार्वजनिक स्वास्थ्य के दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण है, जिससे बैंकिंग तथा प्रतियोगी परीक्षाओं में नीति निर्माण, राजस्व प्रबंधन तथा सामाजिक कल्याण जैसे विषयों पर प्रश्नों के उत्तर देने में मदद मिल सकती है।
स्रोत: The Hindu
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