✎ आरबीआई ने वित्तीय अनुशासन बनाए रखने के लिए 59 एनबीएफसी का पंजीकरण रद्द किया, जो परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण है।
प्रासंगिकता — Banking, SSC & RBI Grade B exams: Economy
**आरबीआई ने 59 गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों (एनबीएफसी) का पंजीकरण प्रमाणपत्र रद्द किया**
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने भारतीय रिज़र्व बैंक अधिनियम, 1934 की धारा 45-IA (6) के तहत प्रदत्त शक्तियों का उपयोग करते हुए 59 गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों (एनबीएफसी) का पंजीकरण प्रमाणपत्र (सीओआर) रद्द कर दिया है। यह निर्णय आरबीआई द्वारा वित्तीय अनियमितताओं, नियामक अनुपालन में कमी या अन्य कारणों से लिया गया है। सूची में अधिकांश कंपनियां पश्चिम बंगाल से हैं, जबकि कुछ महाराष्ट्र, गुजरात और तेलंगाना से भी शामिल हैं। आरबीआई ने इन कंपनियों को अपने ग्राहकों और हितधारकों को सूचित करने का निर्देश दिया है, ताकि वे उचित कार्रवाई कर सकें।
**परीक्षाओं के लिए प्रासंगिकता**
बैंक पीओ, आईबीपीएस, एसबीआई, आरबीआई ग्रेड बी और एसएससी जैसी परीक्षाओं के लिए यह घटना महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह आरबीआई के विनियामक ढांचे, एनबीएफसी के महत्व और वित्तीय प्रणाली में पारदर्शिता बनाए रखने के प्रति उसकी सख्ती को दर्शाती है। एनबीएफसी क्षेत्र में नियामक कदमों के माध्यम से आरबीआई वित्तीय स्थिरता सुनिश्चित करता है, जो बैंकिंग प्रणाली के लिए भी प्रासंगिक है। इसके अतिरिक्त, यह विषय एनबीएफसी के प्रकार, उनके कार्यों और आरबीआई के विनियामक उपकरणों जैसे विषयों से भी जुड़ा हुआ है, जो परीक्षाओं में पूछे जा सकते हैं।
स्रोत: RBI
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