प्रासंगिकता — Banking, SSC & RBI Grade B exams: Economy/Governance
बेंगलुरु में बीएमटीसी के ड्राइवर, ट्रैफिक पुलिस, पौरकर्मिक और निर्माण श्रमिकों में फेफड़ों की क्षमता कम पाई गई है। यह जानकारी एक तीन साल के अध्ययन से सामने आई है, जिसमें 10,000 से अधिक फ्रंटलाइन कर्मचारियों की जांच की गई। अध्ययन में शामिल किए गए बीएमटीसी ड्राइवरों, ट्रैफिक पुलिस, निर्माण श्रमिकों और पौरकर्मिकों में फेफड़ों के कार्य में कमी देखी गई, जो प्रदूषित हवा के संपर्क में आने का परिणाम माना जा रहा है। पौरकर्मिकों में सबसे अधिक 45% कर्मचारियों में फेफड़ों की क्षमता में कमी (पीआरआईएसएम पैटर्न) पाई गई, जबकि ट्रैफिक पुलिस और बीएमटीसी ड्राइवरों में यह दर क्रमशः 28% और 29.5% रही। अध्ययन में यह भी पाया गया कि अधिकांश कर्मचारियों द्वारा मास्क का उपयोग नहीं किया जाता, जिससे उनकी सेहत पर और बुरा असर पड़ रहा है।
इस अध्ययन का सरकारी नौकरियों के लिए तैयारी कर रहे उम्मीदवारों के लिए महत्वपूर्ण निहितार्थ है। बैंक पीओ, आईबीपीएस, एसबीआई, आरबीआई ग्रेड बी और एसएससी जैसी परीक्षाओं में शासन व्यवस्था और अर्थव्यवस्था से संबंधित प्रश्नों में इस तरह के अध्ययन से पर्यावरणीय स्वास्थ्य, श्रमिकों की सुरक्षा और सार्वजनिक स्वास्थ्य नीति जैसे मुद्दों पर चर्चा हो सकती है। इसके अलावा, श्रमिकों के स्वास्थ्य पर प्रदूषण के प्रभाव, सरकारी नीतियों की भूमिका और सार्वजनिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता जैसे विषय भी परीक्षा के दृष्टिकोण से प्रासंगिक हो सकते हैं।
स्रोत: The Hindu
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