प्रासंगिकता — Banking, SSC & RBI Grade B exams: Security
**भारतीय सेना ने 1947 के कश्मीर आक्रमण के दौरान श्रीनगर हवाई अड्डे को कैसे सुरक्षित किया**
1947 में जब पाकिस्तान समर्थित कबायलियों ने कश्मीर घाटी पर आक्रमण किया, तब श्रीनगर हवाई अड्डे पर भारतीय सेना द्वारा किया गया हवाई पुल अभियान निर्णायक साबित हुआ। कबायली बलों ने 22 अक्टूबर को मुजफ्फराबाद, डोमेल और उरी पर कब्जा कर लिया था और सीधे श्रीनगर की ओर बढ़ रहे थे, जो राज्य की ग्रीष्मकालीन राजधानी थी। इस स्थिति में हवाई अड्डे पर नियंत्रण स्थापित करना अत्यंत आवश्यक था, क्योंकि कश्मीर घाटी का एकमात्र हवाई पट्टी होने के कारण यह भारतीय सेना के लिए सैनिकों और रसद की आपूर्ति का एकमात्र व्यवहारिक मार्ग था। महाराजा हरि सिंह द्वारा भारत में विलय पत्र पर हस्ताक्षर करने के बाद, भारतीय सेना ने 27 अक्टूबर को डकोटा परिवहन विमानों के माध्यम से श्रीनगर हवाई अड्डे पर सैनिकों को उतारना शुरू किया। इस अभियान के माध्यम से लगभग 3,500 सैनिकों को तीन सप्ताह के भीतर तैनात किया गया और कबायलियों को 12 घंटे के भीतर पीछे धकेल दिया गया। इस रणनीतिक कदम ने न केवल कश्मीर घाटी को बचाया, बल्कि भारतीय सेना की त्वरित तैनाती क्षमता का भी प्रदर्शन किया।
इस ऐतिहासिक घटना का महत्व आधुनिक प्रतियोगी परीक्षाओं जैसे बैंक पीओ, आईबीपीएस, एसबीआई, आरबीआई ग्रेड बी और एसएससी के लिए अत्यंत प्रासंगिक है। बैंकिंग और वित्तीय संस्थानों में रणनीतिक निर्णय लेने, जोखिम प्रबंधन और संसाधन आवंटन के मामलों में इस घटना से सबक लिया जा सकता है। उदाहरण के लिए, किसी संकट के दौरान संसाधनों की त्वरित तैनाती और आपूर्ति श्रृंखला प्रबंधन की आवश्यकता होती है, जो भारतीय सेना द्वारा श्रीनगर हवाई अड्डे को सुरक्षित करने में दिखाई दी। इसी प्रकार, आरबीआई ग्रेड बी और एसएससी परीक्षाओं में राष्ट्रीय सुरक्षा, रणनीतिक महत्व और आपातकालीन स्थितियों के प्रबंधन से संबंधित प्रश्न पूछे जा सकते हैं, जिनका उत्तर इस घटना के विश्लेषण से दिया जा सकता है।
स्रोत: The Indian Express
शैक्षिक उद्देश्य हेतु AanyaAi द्वारा जनित।


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