सरकार ने 15 अक्टूबर से 2000 रुपये से अधिक के यूपीआई व्यापारी भुगतान पर 0.4% शुल्क लगाने का फैसला लिया। विपक्षी सांसदों ने इसे 'जन-विरोधी' बताया और संसदीय समित
लोकसभा ने यूपीआई लेनदेन पर शुल्क लगाने के लिए सरकार को अधिकार देने वाला बिल पारित किया। जानें कैसे होगा यह बदलाव और क्या है इसका असर?
लोकसभा ने यूपीआई और अन्य डिजिटल पेमेंट पर शुल्क लगाने वाला विधेयक पारित किया। जानिए कैसे बदलेगी डिजिटल लेन-देन की प्रक्रिया और क्या होंगे नए नियम।

