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ईपीएफ योजना 2026 में माफी प्रावधानों के माध्यम से भविष्य निधि ट्रस्टों की छूट स्थिति का पूर्वव्यापी नियमितीकरण — concept mind map
EPFO exemption processPF TrustIRS-recognizedNo Sec 17/143 exemptionMandateApply by 28.12.2026Retroactive regularizationEPFOIssues guidelinesValidates applicationsOutcomeExempt status grantedCompliance exemptions
EPFO exemption process

प्रासंगिकता — Banking, SSC & RBI Grade B exams: Polity & Governance

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कर्मचारी भविष्य निधि (ईपीएफ) योजना 2026 में माफी के प्रावधानों के माध्यम से भविष्य निधि ट्रस्टों की छूट स्थिति का पूर्वव्यापी नियमितीकरण किया गया है। ये प्रावधान 29 जून 2026 को अधिसूचित किए गए थे और ऐसे पीएफ ट्रस्टों को एक बार का अवसर प्रदान करते हैं, जिन्हें आयकर अधिनियम, 1961 के तहत मान्यता प्राप्त है, किंतु कर्मचारी भविष्य निधि एवं विविध प्रावधान अधिनियम, 1952 की धारा 17 अथवा सामाजिक सुरक्षा संहिता, 2020 की धारा 143 के अंतर्गत औपचारिक छूट आदेश प्राप्त नहीं है। माफी योजना के लिए आवेदन प्रक्रिया एवं प्रक्रियात्मक आवश्यकताओं संबंधी विस्तृत परिपत्र 11 जुलाई 2026 को जारी किया गया था। इस योजना के प्रावधान अधिसूचना की तिथि से छह माह तक अर्थात 28 दिसंबर 2026 तक वैध हैं। पूर्वव्यापी नियमितीकरण के अतिरिक्त, पीएफ ट्रस्टों को न्यूनतम कर्मचारी संख्या, कोष के आकार एवं तीन वर्षीय अनुपालन नियम जैसी आवश्यकताओं से भी छूट प्रदान की गई है। इस नियमितीकरण के पश्चात प्रतिष्ठान स्वयं को छूट प्राप्त अथवा गैर-छूट प्राप्त प्रतिष्ठान के रूप में वर्गीकृत कर सकते हैं।

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यह योजना बैंक पीओ, आईबीपीएस, एसबीआई, आरबीआई ग्रेड बी एवं एसएससी परीक्षाओं के लिए अत्यंत प्रासंगिक है, क्योंकि इसमें श्रम कानूनों, कराधान एवं सामाजिक सुरक्षा से संबंधित प्रावधानों का समावेश है। परीक्षाओं में इस विषय से प्रश्न आयकर अधिनियम, ईपीएफ एवं एमपी अधिनियम 1952 तथा सामाजिक सुरक्षा संहिता 2020 के अंतर्गत छूट एवं अनुपालन संबंधी प्रावधानों पर आधारित हो सकते हैं। इसके अतिरिक्त, ईपीएफओ द्वारा चलाए जा रहे इस अभियान में चार्टर्ड अकाउंटेंट्स संस्थान (आईसीएआई) एवं आयकर विभाग के साथ समन्वय भी शामिल है, जो कराधान एवं लेखांकन के क्षेत्र में महत्वपूर्ण है।

स्रोत: PIB (Press Information Bureau)


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