plutusacademy
‘Intellectual Naxal’ label an attempt to suppress dissent, alleges CPI(M) — concept mind map
‘बुद्धिजीवी नक्सली’ बनाम लोकतंत्रसीपीआई(एम) का आरोपबीजेपी-एनडीए सरकारदमन का आरोप‘बुद्धिजीवी नक्सली’ शब्द का इस्तेमालआलोचकों को दबाने का प्रयासउद्देश्ययुवाओं को चुप करानाआलोचना को अपराध बतानाप्रतिक्रियानिंदा करने की अपीलस्वतंत्रता दिवस भाषण पर शर्मिंदगी
‘बुद्धिजीवी नक्सली’ बनाम लोकतंत्र

✎ बौद्धिक नक्सली आरोप लोकतंत्र एवं अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर खतरा है, जिसका विरोध किया जाना चाहिए।

प्रासंगिकता — Banking, SSC & RBI Grade B exams: Economy

**हिंदी नोट (देवनागरी लिपि):**

‘बौद्धिक नक्सली’ का लेबल असहमति को दबाने का प्रयास है, आरोप सीपीआई(एम) का। आंध्र प्रदेश के सीपीआई(एम) राज्य सचिव वी. श्रीनिवास राव ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार द्वारा ‘बौद्धिक नक्सली’ जैसे शब्दों का इस्तेमाल युवाओं को डराने और संविधान प्रदत्त अधिकारों को कुचलने के लिए किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार लोकतंत्रिक आवाजों को दबाने के लिए निरंकुशता की ओर बढ़ रही है, जिससे किसी भी व्यक्ति को निशाना बनाया जा सकता है। उन्होंने बौद्धिकों, लोकतंत्र समर्थकों और राजनीतिक दलों से इस प्रवृत्ति की निंदा करने का आह्वान किया। इसके अलावा, उन्होंने चुनावी रोल में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के जरिए मतदाताओं के नाम हटाने की भी आलोचना की, जिसमें प्रवासी मजदूरों सहित 44 लाख नामों की जांच की जा रही है। उन्होंने दावा किया कि लगभग 25 लाख नामों में गड़बड़ी दिखाई गई है, जिससे गरीब और कामगार वर्ग के लोगों का मताधिकार प्रभावित हो रहा है। उन्होंने चुनाव आयोग से कहा कि मतदाता की पात्रता साबित करने की जिम्मेदारी नागरिकों पर नहीं, बल्कि आयोग की होनी चाहिए।

यह मुद्दा बैंक पीओ, आईबीपीएस, एसबीआई, आरबीआई ग्रेड बी और एसएससी जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण है क्योंकि इसमें सरकारी नीतियों, संवैधानिक अधिकारों और लोकतंत्रिक मूल्यों जैसे विषय शामिल हैं, जो सामान्य जागरूकता अनुभाग में पूछे जाते हैं। बैंकिंग क्षेत्र में भी नियमों और जनहित से संबंधित मामलों पर सवाल उठाए जाते हैं, जबकि एसएससी में राष्ट्रीय घटनाओं का विश्लेषणात्मक दृष्टिकोण अपेक्षित होता है। आरबीआई ग्रेड बी के लिए भी आर्थिक नीतियों और उनके सामाजिक प्रभावों पर ध्यान केंद्रित करना आवश्यक है। इस प्रकार, यह विषय परीक्षा में ‘सरकारी नीतियां’, ‘संविधान’, ‘लोकतंत्र’ और ‘नागरिक अधिकार’ जैसे विषयों के तहत पूछा जा सकता है।

स्रोत: The Hindu


शैक्षिक उद्देश्य हेतु AanyaAi द्वारा जनित।