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ओडिशा में पीवीटीजी परिवारों के लिए 'मुख्यमंत्री जनजाति जीविका मिशन' को अंतिम मंजूरी का इंतजार
ओडिशा में पीवीटीजी परिवारों के लिए 'मुख्यमंत्री जनजाति जीविका मिशन' को अंतिम मंजूरी का इंतजार — एमएमजेएम मिशन: ओडिशा पीवीटीजी परिवारों को अंतिम सरकारी मंजूरी का
आरेख: एमएमजेएम मिशन: ओडिशा पीवीटीजी परिवारों को अंतिम सरकारी मंजूरी का इंतजार

प्रासंगिकता — Banking, SSC & RBI Grade B exams: Polity & Governance

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ओडिशा सरकार की ‘मुख्यमंत्री जनजाति जीविका मिशन-2 (MMJM)’ राज्य के विशेष रूप से कमज़ोर जनजातीय समूहों (PVTG) की लगभग 8 लाख परिवारों की आजीविका को सुदृढ़ करने हेतु तैयार की गई है, किंतु इसके क्रियान्वयन के लिए आवश्यक परिचालन दिशानिर्देशों की अंतिम मंज़ूरी अभी तक लंबित है। मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी की अध्यक्षता वाली राज्य कैबिनेट ने अगस्त 2026 में इस मिशन को स्वीकृति प्रदान की थी, किंतु मैदानी स्तर पर इसके लागू होने में देरी हो रही है। सरकारी सूत्रों के अनुसार, इस प्रक्रिया को शीघ्र पूरा करने के लिए विभाग द्वारा शीर्ष स्तर से अनुमति की मांग की गई है। इस मिशन के तहत ओडिशा के 19 ज़िलों में फैले 134 जनजातीय उप-योजना (TSP) एवं सूक्ष्म परियोजना एजेंसी (MPA) ब्लॉकों में निवासरत PVTG परिवारों को 2,995 करोड़ रुपये की राशि अगले 60 महीनों में विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से उपलब्ध कराई जाएगी। इस राशि का पूर्ण वहन राज्य सरकार द्वारा किया जाएगा। मिशन का मुख्य उद्देश्य कृषि, बागवानी, मत्स्यपालन, पशुपालन, रेशम उत्पादन एवं वन-आधारित गतिविधियों के माध्यम से आदिवासी परिवारों की आय में वृद्धि करना है। इसके अतिरिक्त पारंपरिक कला, हस्तशिल्प, हथकरघा एवं गैर-कृषि क्षेत्रों को भी प्रोत्साहन दिया जाएगा। राज्य एवं ज़िला स्तर पर गठित मार्गदर्शक समितियाँ इस मिशन की निगरानी एवं मूल्यांकन करेंगी।

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यह मिशन ओडिशा की जनजातीय आबादी के सामाजिक-आर्थिक उत्थान के लिए एक महत्वपूर्ण पहल है, जिसका सीधा संबंध बैंकिंग, SSC एवं RBI ग्रेड बी परीक्षाओं के पाठ्यक्रम से है। बैंक पीओ एवं IBPS परीक्षाओं में सरकारी योजनाओं, जनजातीय कल्याण कार्यक्रमों एवं वित्तीय समावेशन से संबंधित प्रश्न पूछे जाते हैं, जबकि SSC में राष्ट्रीय एवं राज्यस्तरीय विकास योजनाओं के प्रश्न भी शामिल होते हैं। RBI ग्रेड बी की परीक्षा में भी जनजातीय विकास, वित्तीय समावेशन एवं सरकारी बजट जैसे विषयों पर ध्यान केंद्रित किया जाता है। MMJM जैसी योजनाओं के माध्यम से सरकार द्वारा निर्धारित लक्ष्यों, बजट आवंटन एवं कार्यान्वयन प्रक्रिया का ज्ञान परीक्षार्थियों को इन प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता प्राप्त करने में सहायक सिद्ध हो सकता है। इसके अतिरिक्त, राज्य सरकार द्वारा उठाए गए कदमों एवं उनके प्रशासनिक ढाँचे का अध्ययन भी ‘राजव्यवस्था एवं शासन’ विषय के अंतर्गत आने वाले प्रश्नों के उत्तर देने में सहायक होगा।

स्रोत: orissapost.com


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